डेंगू के बढते मामलों के बीच मुख्यमंत्री हरीश रावत खुद सफाई कार्य में जुटे

उत्तराखंड में डेंगू के बढ़ते मामलों के बीच मुख्यमंत्री हरीश रावत सोमवार को स्वयं राज्य पुलिस द्वारा आयोजित सफाई अभियान में शामिल हुए और पूरे दो घंटे तक अस्थायी राजधानी देहरादून के कांवली रोड स्थित वाल्मीकि बस्ती में सफाई कार्य करते रहे.

इस दौरान सुबह आठ बजे से लेकर 10 बजे तक पुलिस के जवानों के साथ मुख्यमंत्री को कचरे, गंदी नालियों को पानी व छोटे फावड़े आदि से साफ करते तथा कैरोसीन का छिड़काव करते देखकर बस्ती के लोग भी हैरान हो गए और खुद भी इस काम में जुट गए.

देहरादून में डेंगू की स्थिति को लेकर अनेक बार समीक्षा बैठक कर चुके हरीश रावत के निर्देश पर फॉगिंग आदि के लिए आवश्यक धनराशि स्वीकृत करने के साथ ही अन्य उपकरण भी संबंधित एजेंसियों को उपलब्ध करवाए जा रहे हैं. दून अस्पताल में मरीजों के लिए बिस्तर की संख्या भी बढ़ाई गई है.

इस मौके पर हरीश रावत ने राज्य पुलिस की डेंगू जागरुकता रैली को भी हरी झंडी दिखाकर रवाना किया. उन्होंने बस्ती के लोगों से भी बात की और उन्हें अपने घरों व आस-पास के क्षेत्रों में खुद भी सफाई रखने तथा पानी इकटठा न होने देने का आग्रह किया. मुख्यमंत्री ने स्वयं कई घरों में जाकर पानी की टंकियों का जायजा लिया और खुली पड़ी बहुत सी टंकियों को ढकवाया.

सरकारी आंकडों के अनुसार, अब तक राज्यभर में डेंगू के 756 मामले सामने आ चुके हैं, जिनमें से सबसे ज्यादा 709 राजधानी देहरादून में ही सामने आए हैं. बाद में, संवाददाताओं से बात करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि अब प्रत्येक सप्ताह शहर के किसी न किसी क्षेत्र में सफाई अभियान चलाया जाएगा.

उन्होंने कहा, ‘मुझे उम्मीद है कि मेरे द्वारा नालियों की सफाई करने से लोग भी अपने घरों व आसपास की सफाई करने के लिए प्रेरित होंगे. यह हम सभी का मिलाजुला अभियान है. अगर हम एकजुट होकर सफाई करें तो डेंगू जैसी बीमारियों को रोका जा सकता है.’ मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार भी डेंगू की रोकथाम के लिए हरसम्भव प्रयास कर रही है, लेकिन हमें दूसरों पर दोषारोपण करने की बजाय खुद भी इसके लिए जुटना होगा.