पिथौरागढ़ : ….स्वर्ग की सी सुंदरता से लबरेज है ये जगह….

पिथौरागढ़ जिले में पढ़ने वाला अस्कोट स्वर्ग की सी सुंदरता से लबरेज है. हिमालयी क्षेत्र में मौजूद अस्कोट देवभूमि उत्तराखंड में है. अस्कोट की पहाड़ी के नीचे कीमती खजाना दबा हुआ है. खजाना भी ऐसा की भारत मालामाल हो जाए.

जहां यह खजाना है वह जगह जन्नत से कम नहीं है.

अस्कोट की वादियां बेहर रमणीय हैं. अस्कोट वन्यuttarakhandजीव सेंचुरी के लिए भी देश-विदेश में प्रसिद्घ है. कैलास मानसरोवर यात्रियों का दल अस्कोट से होकर गुजरता है. देखने वाला यहां की सुंदरता के आगे सबकुछ भूल जाता है. यहां की हरियाली, कल-कल करती नदियों का शोर भागदौड़ भरी जीवन में सुकून देता है.

अस्कोट की पहाड़ी के नीचे कीमती धातुओं का खजाना मिलने की खबर से दुनियाभर में हलचल है. अस्कोट के बड़ी गांव क्षेत्र में सर्वे के अनुसार सोना, तांबा, चांदी, लेड, शीशा, जस्ता जैसी एक लाख पैंसठ हजार मैट्रिक टन धातु है.

यहां की खनिज संपदा उत्तराखंड की मालीहालत बदल सकने में सक्षम है. यहां पर 30 सालों तक मिनरल एक्प्लोरेशन कारपोरेशन (एमइसी) ने खनन किया और यहां से धातु निकाली थी. इससे पूर्व डीजीएम ने यहां पर सर्वे कर धातु निकालने का कार्य किया. इस स्थल को अस्कोट की तामखान (तांबे की खान) नाम से भी जाना जाता है.