…यहां इंजेक्शन लगा नाबालिग बेटियों को जल्दी ‘जवान’ बनाकर जिस्मफरोशी करा रहे माता-पिता

वेश्‍यावृति को सामाजिक मान्‍यता मानने वाले बांछड़ा समुदाय का इंसानियत को शर्मसार कर देने वाला एक और सच सामने आया है। इस समुदाय के लोग अपनी नाबालिग बच्‍चियों को जल्‍दी जवान करने के लिए सेक्‍स के हार्मोन्‍स बढ़ाने वाले इजेक्‍शन लगा रहे हैं।

दरअसल, मध्य प्रदेश के सीमावर्ती जिलों नीमच और मंदसौर स्थित बांछड़ा समुदाय के डेरों पर सरेआम प्रशासन की नाक के नीचे 24 घंटे वेश्‍यावृति का खुला खेल चल रहा है। नीमच, मंदसौर और रतलाम जिले के 65 गांवों में जिस्‍मफरोशी के ऐसे 250 अड्डे हैं।

हाल में पता चला है कि यह समुदाय अपनी नाबालिग बच्‍चियों को जल्‍दी जवान करने के लिए सेक्‍स के हार्मोन्‍स बढ़ाने वाले इजेक्‍शन लगा रहा है। इस बात की पुष्टि मानव अधिकार परिषद् के सदस्य परमजीत सिंह फौजी और मानवाधिकार आयोग मित्र भानुदवे ने भी की है।

इस पूरे मामले पर जिला अस्‍पताल में पदस्‍थ विशेषज्ञ डॉक्‍टर मनीष यादव का कहना है कि ऑक्‍सीटोसिन जैसी दवाएं आम तौर पर पशुओं को दूध बढ़ाने के लिए इंजेक्शन के जरिए दी जाती हैं। इनका इस्‍तेमाल यदि मानव शरीर में होता है तो इससे किडनी, लिवर खराब होने और हार्टअटैक की संभावनाएं बढ़ जाती हैं।

वहीं, इस पूरे मामले से वाकिफ एएसपी राकेश कुमार सगर का कहना है कि वेश्यावृत्ति के खिलाफ पुलिस की कार्रवाई लगातार जारी है, लेकिन इसके लिए बड़े पैमाने पर जागरुकता अभियान चलाने की जरूरत है।