अब वृद्ध दिव्यांगों को मिलेगी डबल पेंशन, उनकी सेवा करने वालों को भी मिलेगा पैसा

दो-तीन पेंशन की अर्हता रखने वाले लाभार्थियों को अतिरिक्त लाभ देने के लिए शासन नई एकीकृत पेंशन प्रणाली तैयार कर रहा है। प्रदेश में ऐसे 20 हजार से अधिक लाभार्थी हैं जो दो पेंशन पाने की शर्तें पूरी कर रहे हैं, यानी वह दिव्यांग भी हैं और वृद्ध भी।

कुछ महिला लाभार्थी विधवा, दिव्यांग और वृद्धावस्था तीनों पेंशन की शर्तें पूरी कर रही हैं, लेकिन उन्हें एक ही पेंशन का लाभ 800 रुपये महीने मिल पा रहा है। मुख्यमंत्री हरीश रावत के निर्देश के बाद इस स्थिति को सुधारने के लिए शासन अब एकीकृत पेंशन प्रणाली तैयार करने में जुट गया है।

अगर कोई लाभार्थी दो-तीन पेंशन की शर्तें पूरी कर रहा होगा तो उसे कुछ पैसा अतिरिक्त दिया जाएगा। यह धनराशि एकीकृत पेंशन प्रणाली फाइनल होने के बाद शासन तय करेगा।

दिव्यांग और वृद्धावस्था की शर्तें पूरे करने वाले लाभार्थी की सेवा करने वाले व्यक्ति के लिए भी शासन पेंशन के साथ अतिरिक्त पैसा निर्धारित करेगा। इसके पीछे तर्क है कि पैसा मिलने पर संबंधित व्यक्ति की लाभार्थी की सेवा के प्रति दिलचस्पी बनी रहेगी।

एकीकृत पेंशन प्रणाली में दिव्यांग, वृद्धावस्था और विधवा पेंशन के लिए अब एक ही आवेदन करना पड़ेगा। आवेदक अपने पात्रता वाले कॉलम में टिक का निशान लगा देगा। फार्म आनलाइन भरे जाएंगे।

कंप्यूटर सॉफ्टवेयर यह खुद ही बता देगा कि आवेदक की पात्रता किन-किन श्रेणियों के लिए है। इसके अलावा कॉर्पस निधि तैयार की जाएगी। इसमें केंद्र और राज्य से मिलने वाली धनराशि जमा होगी। इसके ब्याज से पेंशन दी जाती रहेगी।