7वें वित्त आयोग की सिफारिशें लागू होने के बाद देश के रियल स्टेट व्यापार में उछाल आने के आसार हैं। अब सरकारी बाबूओं के मकान का सपना पूरा करने के लिए केंद्र सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। वेतन आयोग की सिफारिशों के जरिए सरकारी कर्मचारियों का साथ देते हुए सरकार ने घर बनाने के लिए एडवांस की सीमा बढ़ाकर 25 लाख रुपया कर दी है।

जबकि पहले यह सीमा महज 7.5 प्रतिशत थी। सरकार के इस फैसले से रियल स्टेट के कारोबार में उछाल की उम्मीद जताई जा रही है। शेयर बाजार ने भी सरकार के इस कदम का स्वागत किया है। सरकार के फैसले के बाद रियल स्टेट की कंपनियों के शेयर में भारी उछाल देखा गया।

इससे पहले बुधवार को केंद्रीय कैबिनेट ने बहुप्रतीक्षित 7वें वेतन आयोग की सिफारिशों पर मुहर लगा दी। सरकार के इस फैसले का बाजार और उपभोक्ता पर खासा प्रभाव पड़ने की उम्मीद है। करीब एक करोड़ केंद्रीय कर्मचारी और पेंशनर्स को सातवें वेतन आयोग का फायदा मिलेगा।

ये वेतन आयोग 1 जनवरी, 2016 से लागू किया गया है, जिसके चलते इसका फायदा पाने वालों को जनवरी से अबतक का बढ़ा वेतन मिलेगा साथ ही एरियर भी मिलेगा। इसके अलावा सातवें वेतन आयोग की सिफारिशों का असर राज्य सरकार के कर्मचारियों और पीएसयू कर्मचारियों पर भी होगा।

सातवें वेतन आयोग का सीधा असर उपभोक्ताओं पर होगा, उनकी जेब में ज्यादा पैसे आएंगे। जिसका सीधा असर बाजार पर होगा, उपभोक्ता मांग में इजाफा होगा, इससे बाजार में उछाल नजर आ सकता है।