… और मां का सपना पूरा करने के लिए YouTube पर सिंगिंग स्टार बन गया ‘मां का लाडला’

गढ़वाल के 24 वर्षीय सुयश बिजल्वाण के गाने ‘छू लो जो मुझे तुम कभी’ ने उनको आज स्टार बना दिया है। उनके गाने को सिर्फ 5 दिन में 81,270 से ज्यादा लोग YouTube पर देख चुके हैं। संगीतकार बनने की ललक उनके अंदर अपनी मां का सपना पूरा करने के लिए पैदा हुई। इसी ललक ने उनको इस बुलंदी पर पहुंचाया है।

 

देहरादून जिले में ऋषिकेश के हिमलाया आयुर्वेदिक मेडिकल कॉलेज से बीएएमस की पढ़ाई कर रहे उत्तरकाशी के रहने वाले सुयश बिजल्वाण का संगीत की तरफ उस वक्त रुझान बढ़ा, जब संगीत से एमए की पढ़ाई कर चुकी मां प्रमीला बिजल्वाण शादी के बाद घरेलू कारणों से अपनी आवाज को संगीत का रूप नहीं दे पाई।

सुयश बताते हैं, ‘अक्सर मां घर में गीत गुनगुनाया कराती थीं। उनकी आवाज सुनकर मेरा भी संगीत की ओर रुझान बढ़ा।’ मां से संगीत का ज्ञान मिलने के बाद सुयश ने खुद का 2013 में निश्चय बैंड बनाया, जिसके बाद गढ़वाल यूनिवर्सिटी, उत्तरांचल मेडिकल कॉलेज, भेल हरिद्वार, मसूरी विंटर लाईन कार्निवल आदि जगहों पर बैंड के जरिए अपनी आवाज की प्रस्तुतियां दे चुके हैं।

शेखर रावत प्रोडक्शन के बैनर तले निश्चय बैंड के गायक सुयश ने ‘छू लो जो मुझे तुम कभी’ का कवर सांग अपनी धुन पर तैयार कर यू-ट्यूब पर मंगलवार रात अपलोड किया, जिसके बाद महज 48 घंटों के अंदर ही उनके गाने को 80 हजार से ज्यादा लोग देख चुके थे, जो आंकड़ा पांच दिन बाद 81,273 तक पहुंच गया है।

सुयश ने दावा किया यह अब तक का सबसे ज्यादा देखा जाने वाला वीडियो है, जो उत्तराखंड से अपलोड हुआ है। इससे पहले राज्य से अपलोड हुए एक वीडियो को 40 हजार लोगों ने देखा था। कवर सांग को तैयार करने वालों में गिटारिस्ट सिद्दांत मेहरा, प्रणय द्विवेदी, मान महेंद्रा, ड्रमर मैड्रिक मिजे, बैंड मैनेजर विक्रम नेगी, कैमरामैन अंशुमन पोखरियाल की महत्वपूर्ण भूमिका रही।

सुयश कहते है कि पहाड़ों में हुनर की कमी नहीं है, बस उनको एक मौके की तलाश है। अगर यहां सरकार प्रतिभाओं को संसाधन उपलब्ध कराए तो उनको दिल्ली-मुंबई जाने की जरूरत नहीं है। उत्तराखंड से भी बहुत कुछ किया जा सकता है।