उत्तराखंड के मुख्यमंत्री हरीश रावत ने रविवार को केंद्र सरकार पर कांग्रेस को समाप्त करने का आरोप लगाते हुए कहा कि उनके राज में विरोधी पार्टी की राज्य सरकारों को गिराने के प्रयास किए जाते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि अरुणाचल के बाद अब यही काम उत्तराखंड में किया जा रहा है।

नौ कांग्रेस विधायकों के सरकार के खिलाफ बगावत कर मुख्य विपक्षी बीजेपी के साथ खड़े होने से राज्य में उपजे सियासी संकट के बीच देहरादून में पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा, ‘दिल्ली की हुकुमत कांग्रेस को समाप्त करना चाहती है। वे किसी भी प्रकार के विरोध को बलपूर्वक खत्म कर देना चाहते हैं। कोई दलित नौजवान अपनी आवाज उठाता है तो उसे मरने के लिए मजबूर कर दिया जाता है। पिछड़े वर्ग का कोई छात्र विरोध करता है तो उसे जेल में डाल दिया जाता है। विरोधी पार्टी की राज्य सरकारों को गिराने के प्रयास किए जाते हैं। पहले उन्होंने यह अरुणाचल प्रदेश में किया, अब उत्तराखंड में कर रहे हैं।’

मुख्यमंत्री ने हालांकि, कहा कि सांप्रदायिकता, भ्रष्टाचार और समाज विरोधी ताकतों के खिलाफ लड़ाई वह अब उत्तराखंड की जनता, नौजवानों, माताओं, बहनों व कांग्रेस के कार्यकर्ताओं के हवाले कर रहे हैं। उन्होंने कहा, ‘मैं आज इस लड़ाई को आपके हवाले कर रहा हूं। हमें साम्प्रदायिकता, भ्रष्टाचार, समाज विरोधी ताकतों से पूरी ताकत व ऊर्जा के साथ लड़ना है।’

रावत ने कहा कि हम गंगा, गाय, गरीब व गांव की बात करते हैं और साम्प्रदायिक ताकतें पैसों के बल पर हटाने का षड़यन्त्र रचते हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड संघर्षों से बना है और उत्तराखंड के नौजवानों, माताओं, बहनों, गरीबों के सपनों को पैसों के बल पर तोड़ने की कोशिश की जा रही है।

उन्होंने पूछा, ‘क्या यह लोकतंत्र, गरीब, दलित, पिछड़ों, माताओं, बहनों, युवाओं के हित में है। हमारी सरकार गरीबों की खिदमत करने का काम कर रही है। हम मलिन बस्तियों के नियमितीकरण का काम कर रहे हैं, अल्पसंख्यकों के युवाओं को हुनर सिखाकर रोजगार की व्यवस्था कर रहे हैं। महिलाओं के लिए जन्म से लेकर वृद्धावस्था तक हम किसी न किसी योजना से मातृशक्ति की सेवा कर रहे हैं।’

रावत ने पूछा कि क्या मोदी सरकार ने अपने वायदे के अनुसार 15 लाख रुपये सबके खाते में पहुंचाए और क्या नौजवानों को नौकरियां मिलीं। उन्होंने कहा, ‘हमारी राज्य सरकार छोटे-छोटे कदम उठाकर सभी के घरों में खुशियां लाने का काम कर रही हैं। दिल्ली वालों ने हमारी सहायता बंद कर दी। गंगा की बात करने वालों ने अर्द्धकुम्भ के लिए एक पैसा नहीं दिया। उत्तराखंड भी देश का ही हिस्सा है, परंतु केंद्र सरकार हमारे राज्य के विकास का हर रास्ता बंद कर रही है। अब तो इंतहा हो गई है, लेकिन उत्तराखंड की जनता के आशीर्वाद से हम बीजेपी के मंसूबों को फेल कर देंगे।’

मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड की धरती, यहां की जनता व कांग्रेस पार्टी ने मुझे बहुत कुछ दिया है और उत्तराखंड की जनता का अपमान नहीं होने दिया जाएगा।