सिर्फ 11 महीने पहले ही अगले 7 जन्मों तक एक-दूसरे के साथ रहने और हर दुख-सुख सहने की कसमें खाकर फेरे लेने वाले अर्जुन और सरिता के बीच शक का ऐसा बीज पनपा, जिसने सरिता की जान छीन ली। अवैध संबंधों के शक में पति अर्जुन ने सरिता की सोते वक्त गला रेतकर हत्या कर दी।

गला रेतने के बाद आरोपी खुद हरिद्वार जिले के मंगलौर कोतवाली पहुंचा और अपने जुर्म कुबूल कर हत्या की जानकारी दी। पुलिस ने घर पहुंचकर खून से लथपथ सरिता का शव बरामद कर लिया है। मायके वालों की शिकायत पर पुलिस ने दामाद सहित ससुर, जेठ, जेठानी के खिलाफ दहेज हत्या का मुकदमा दर्ज कराया है।

मंगलौर के आसफनगर गांव का अर्जुन पुत्र सतपाल रुड़की में एक कपड़े की दुकान पर काम करता है। 11 माह पहले उसकी मानूबास गांव में नंदीराम की बेटी सरिता से शादी हुई थी। शादी के कुछ दिन तक नव-दंपति में सब कुछ ठीक-ठाक रहा। फिर अचानक दोनों के बीच झगड़ा होने लगा।

मनमुटाव में कई बार सरिता अपने मायके गई। बताया जा रहा है कि सरिता के बार-बार मायके जाने पर अर्जुन को अवैध संबंधों का शक हुआ। तीन दिन पहले अर्जुन उसे मायके से घर लाया था। बताया जा रहा है कि वह फिर मायके जाने की जिद करने लगी। इस बात पर दोनों के बीच मंगलवार रात झगड़ा हो गया।

बुधवार तड़के चार बजे अर्जुन ने सब्जी काटने वाले चाकू से सरिता का गला रेत दिया। इसके बाद आरोपी खुद कोतवाली पहुंचा और पुलिस को अपनी करतूत से अवगत कराया।

कोतवाली प्रभारी उत्तम सिंह जिम्मीवाल पुलिस टीम के साथ उसके घर पहुंचे तो बिस्तर पर सरिता का खून से लथपथ शव पड़ा देख सबके रोंगटे खड़े हो गए। आसपास के ग्रामीणों को भी पुलिस के आने के बाद हत्या की जानकारी मिली। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेजने के बाद मायके वालों को सूचना दी।

दोपहर के समय सरिता के पिता नंदीराम की शिकायत पर आरोपी पति अर्जुन, ससुर सतपाल, जेठ पोपलर व जेठानी छोटी के खिलाफ दहेज में पांच लाख रुपये व कार न मिलने पर हत्या के आरोप में मुकदमा दर्ज कराया।

कोतवाली प्रभारी उत्तम सिंह जिम्मीवाल ने बताया कि शिकायत पर मुकदमा दर्ज कर जांच पड़ताल शुरू कर दी है। आरोपियों को जल्द गिरफ्तार किया जाएगा।