पौड़ी जिले के कोटद्वार में पुलिस और एसओजी की टीम ने संयुक्त ऑपरेशन में गुलदार की 7 खालों के साथ 4 तस्करों को गिरफ्त में लिया है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में इन खालों की कीमत लाखों रुपये बताई जा रही है।

मुखबीर की सूचना पर दुगड्डा-कोटद्वार के बीच लालपुल के पास चेंकिग के दौरान मिली इस सफलता में पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से एक कार को भी सीज किया है। पुलिस अधीक्षक पौड़ी राजीव स्वरूप ने बताया कि पकड़े गए 4 आरोपियों में से 3 थलीसैंण और 1 कोटद्वार का रहने वाला है।

कोटद्वार पुलिस की इस सफलता पर आईजी गढ़वाल ने 10 हजार तथा एसपी पौड़ी ने ढाई हजार ईनाम की घोषणा की है। कोटद्वार में एक प्रेस वार्ता कर इस पूरे ऑपरेशन के बारे में जानकारी देते हुऐ एसपी पौड़ी ने कहा कि थलीसैंण से पकड़े गए आरोपियों से पूछताछ के दौरान पता चला कि वह मरे हुए जानवरों में जहर डाल देते थे, जिसको खाने के बाद गुलदार भी मर जाते थे। फिर वे उसको आसपास के क्षेत्र में तलाशकर उसकी खाल निकाल लेते थे।

हालांकि पुलिस पकड़े गए आरोपियों से यह पता लगाने में नाकाम रही है कि वे गुलदार की इन खालों की डिलीवरी किसे देने जा रहे थे, लेकिन बावजूद इसके पुलिस की इस कामयाबी को देखते हुए आलाधिकारियों ने उनकी पीठ थप-थपाई है।

इस घटना के बाद पौड़ी वन प्रभाग के अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर सवालिया निशान लग गए हैं, जिनके प्रभाग में एक के बाद एक गुलदारों का शिकार होता रहा और वन विभाग के अधिकारियों को भनक तक नहीं लगी।