धार्मिक नगरी हरिद्वार में रेलवे स्टेशन के सामने एक लावारिस बैग में बम होने के संदेह में गुरुवार को आधे दिन कुंभनगरी की सांसे थमी रहीं। करीब चार घंटे की मशक्कत के बाद बम निरोधक दस्ते को बुलाकर बैग को नियंत्रित विस्फोट के जरिए नष्ट कर दिया गया, इसके बाद लोगों की जान में जान आई। इससे पहले बम की सूचना से पूरे शहर में हड़कंप मचा रहा।

मेला प्रभारी और आईजी जीएस मर्तोलिया ने बताया कि बैग में कोई संदिग्ध सामान नहीं मिला, लेकिन मौके से विस्फोट के बाद लिए गए रेत और अन्य सामान के नमूनों को फोरेंसिक जांच के लिए भेजा गया है। इसके अलावा कनखल में भी दो स्थानों पर संदिग्ध बम मिलने की सूचना पर पुलिस दौड़ी, संतोष की बात ये रही कि यह खबर सिर्फ अफवाह निकली।

सुबह करीब साढ़े आठ बजे हरिद्वार रेलवे स्टेशन के सामने एक मिठाई की दुकान के कर्मचारी ने दुकान के बाहर प्लास्टिक का बैग पड़ा देखा। नौकर की सूचना पर दुकान मालिक आनंद भट्ट ने पुलिस को इसकी सूचना दी।

सूचना मिलते ही रेलवे स्टेशन के बाहर तैनात अर्द्धसैनिक बलों के जवानों ने थैले को अपने सुरक्षा घेरे में ले लिया और उच्चाधिकारियों तथा बम निरोधक दस्ते को सूचित किया। कुछ ही देर में आईजी जीएस मर्तोलिया और सहयोगी अधिकारी मौके पर पहुंच गए। उन्होंने दोनों तरफ से रास्ता बंद कर बैग की अत्याधुनिक उपकरणों से जांच कराई।

अधिकारियों के उस समय होश उड़ गए जब मौके पर बुलाए गए डॉग स्क्वॉड ने बैग को सूंघा और वहीं बैठ गया। अधिकारियों की मानें तो प्रशिक्षित कुत्ता ऐसे स्थानों पर बैठ जाता है जहां कोई संदिग्ध विस्फोटक होता है। बम का संदेह होने पर दोपहर करीब 12 बजे बम निरोधक दस्ते के जवानों ने डेटोनेटर के जरिए विस्फोटक लगाकर बैग को सुरक्षित तरीके से उड़ा दिया।

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मौके पर मौजूद मेला प्रभारी जीएस मर्तोलिया ने बताया कि बैग में केवल एक जैकेट और दो गंगाजली थीं। कोई संदिग्ध सामान नहीं मिला है। उन्होंने कहा कि मौके से रेत और अन्य सामान के नमूने फोरेंसिक जांच के लिए ले लिए गए हैं। हालांकि उन्होंने स्पष्ट किया कि जांच कराने का मकसद केवल ऐहतियातन है। संदेह वाली कोई बात नहीं है। इस अभियान के दौरान दहशत का आलम यह था कि जब तक अभियान चला आसपास की दुकानें बंद कर दी गईं। घरों से भी लोग छतों पर निकलकर पुलिस की कार्रवाई को देखते रहे।

कनखल में भी दो स्थानों पर लावारिस बैग मिलने की सूचना पर पुलिस परेशान रही। मेला एसएसपी जगतराम जोशी ने बताया कि जगजीतपुर में आईटीआई के पास सड़क किनारे पड़े एक बैग में घड़ी की सुइयों की आवाज आने पर लोगों ने बम होने की सूचना दी।

बम निरोधक दस्ते ने मौके पर पहुंचकर जांच की तो वह बैग किसी बस कंडक्टर का था, जिसमें ई-टिकटिंग मशीन से आवाज आ रही थी। कोई संदिग्ध सामान नहीं मिला। दूसरी ओर कनखल चौक बाजार में भी एक लावारिस बैग में कपड़े और अन्य सामान मिला।