उत्तराखंड में पेट्रोलियम कंजर्वेशन रिसर्च एसोसिएशन और भारतीय पेट्रोलियम संस्थान की ओर से तेल एवं गैस संरक्षण पखवाड़े की शुरुआत की गई। पखवाड़े का शुभारंभ कानून एवं वन मंत्री दिनेश अग्रवाल ने किया।

अग्रवाल ने कहा कि जितनी तेजी से तेल व गैस की कमी बनती जा रही है, उस लिहाज से हमें इसका स्मार्ट यूज करने के तरीके निकालने होंगे। उन्होंने दिल्ली के ऑड-ईवन फार्मूले की तारीफ करते हुए कहा कि ऐसे प्रयोग पूरे देश में लागू करने की जरूरत है।

डॉ. एमओ गर्ग ने कहा कि वर्तमान परिप्रेक्ष्य में ऊर्जा और पर्यावरण की भूमिका बहुत महत्वपूर्ण हो गई है और ग्रीन हाउस गैसों में वृद्धि के चलते पर्यावरण में असंतुलन बढ़ता ही जा रहा है। समय की मांग है कि ऊर्जा के उपयोग की दक्षता को बढ़ाने के साथ ही ऊर्जा का उपयोग न्यूनतम भी किया जाए।

हमें तेल एवं प्राकृतिक गैस संरक्षण को महत्व देना चाहिए। राज्य स्तरीय समन्वयक एसके सिन्हा ने पखवाड़े के दौरान नियोजित की गई गतिविधियों पर प्रकाश डाला।

एचपीसीएल के प्रबंधक सीएस नेगी ने सभी का धन्यवाद किया। इस मौके पर डा. डीसी पांडेय सहित भारी संख्या में तेल व गैस कंपनियों के प्रतिनिधि मौजूद रहे।