धार्मिक नगरी हरिद्वार सहित ऋषिकेश में 14 जनवरी को अर्द्धकुम्भ का पहले स्नान होगा। पहला बड़ा स्नान आज है, लेकिन अब भी कई स्थानों पर निर्माण सामग्री फैली पड़ी है, तो कहीं पर सड़कें ही नहीं बन पायी हैं। हाईवे का चौड़ीकरण भी अधूरा है।

हरकी पैड़ी क्षेत्र में जहां मुख्य स्नान हो रहा है, वहां अभी तक निर्माण सामग्री फैली हुई है। नालों पर स्लैब भी सही तरीके से नहीं रखी जा सकी हैं। रिकॉर्ड समय में लोहे के जिस पुल को बनाने का दावा किया गया था, उस पर सड़क नहीं बन पाई है। यही स्थिति लाल पुल के पास बन रहे नए पुल की भी है, यह पुल अभी निर्माणाधीन ही है।

ऋषिकेश सर्किल में चार थाने रायवाला, श्यामपुर, चन्द्रभागा और भरत बिहार खोले जा चुके हैं। वहीं, एक अतिरिक्त पुलिस लाइन भी बनाई गई है। शहर में 200 पुलिस जवान और 200 पैरामलेट्री फौर्स के जवान सुरक्षा में तैनात किया गया है।

बता दें कि अर्द्धकुम्भ 2016 में वीवीआईपी लोगों के आने पर प्रतिबन्ध लगाया गया है। आईजी जीएस मर्तोलिया ने बताया है कि कुम्भ के दौरान देश-विदेश से श्रद्धालु हरिद्वार गंगा स्नान के लिए पहुंचते हैं, जिस कारण ट्रैफिक को लेकर सुरक्षा इंतजामों में ज्यादा मेहनत करनी पढ़ती है। उन्होंने कहा कि यदि वीवीआईपी लोग कुम्भ नगरी हरिद्वार आते हैं तो उनके प्रोटोकॉल के चलते आम जनता को ज्यादा दिक्कतें होती हैं।

अर्द्धकुम्भ की सुरक्षा को लेकर पुलिस मुस्तैद है। पठानकोट की आतंकवादी घटना के बाद में सुरक्षा एजेंसियों को अलर्ट पर रखा गया है। डीआईजी जीएस मर्तोलिया ने बताया है कि पहली बार सुरक्षा के लिहाज से पूरे कुम्भ क्षेत्र में स्नाइपर राइफल्स लगाई गई हैं, जिनके लिए बंकर भी बनाए गए हैं जो 24 घंटे अपनी पोस्ट पर तैनात रहेंगे।