पतंजलि की दवाईयों और उत्पादों के खिलाफ मुस्लिम संगठन ने जारी किया फतवा

योग गुरु रामदेव की संस्‍था पतंजलि योगपीठ में बने उत्‍पादों के लिए एक और मुश्‍किल खड़ी हो गई है। तमिलनाडु के एक मुस्लिम संगठन ने पतंजलि के गाय मूत्र से बने उत्‍पादों के खिलाफ फतवा जारी कर दिया है। फतवे में कहा गया है कि गाय के मूत्र से बने उत्‍पादों का इस्‍तेमाल इस्‍लाम में हराम है।

तमिलनाडु थोवीड जमात (टीएनटीजे) की ओर से जारी फतवे में कहा गया है, बाजार और ऑनलाइन बिकने वाले पतंजलि की कई दवाइयों और खाद्य उत्पादों में गाय के मूत्र का प्रयोग किया जाता है। गाय के मूत्र का इस्‍तेमाल इस्‍लाम में हराम माना जाता है। इसलिए पतंजलि के उत्पाद हराम हैं।

टीएनटीजे ने मुस्‍लिमों से अपील की है कि वे तत्‍काल पतंजलि के उन उत्‍पादों का इस्‍तेमाल बंद कर दें, जिनमें गाय के मूत्र का प्रयोग किया गया है।

बता दें कि पतंजलि के आटा नूडल्स में कीड़ा मिलने और देशी घी में फफूंदी लगने के भी आरोप लग चुके हैं। इन शिकायतों के बाद हरियाणा, उत्‍तराखंड और हिमाचल प्रदेश में पतंजलि के सामानों के कई जगह से सैंपल लिए गए हैं।

बाबा रामदेव लगातार कहते रहे हैं कि पतंजलि के सामान पूरी तरह से स्‍वदेशी और सुरक्षित हैं।