पालिका की ओर से टिहरी के दो सौ साल पूरे होने और श्रीदेव सुमन जन्म की शताब्दी वर्ष पर आयोजित तीन दिवसीय त्रिहरी महोत्सव का आगाज हुआ। महोत्सव की सांस्कृतिक संध्या में जागर सम्राट प्रीतम भरतवाण की शुभ संध्या का पर्व जाग, राम गंगा नह्योला प्रभु शिव गंगा नह्योला पर दर्शक खूब झूमे।

बौराड़ी स्टेडियम में आयोजित त्रिहरी महोत्सव का शुभारंभ पालिकाध्यक्ष उमेश चरण गुसाईं और सभासदों ने किया। पालिकाध्यक्ष ने कहा कि जन सहयोग से विगत चार वर्षों से महोत्सव करवाया जा रहा है। इस साल महोत्सव को टिहरी के द्विशताब्दी वर्ष और जनक्रांति के नायक श्रीदेव सुमन की शताब्दि वर्ष को समर्पित किया गया है।

सांस्कृतिक संध्या के शुभारंभ पर जागर सम्राट प्रीतम भरतवाण ने शुभ संध्या का पर्व जाग, रिवांली धिवांली संध्या जगा, राम गंगा नह्योला प्रभु शिव गंगा नह्योला, मैं जांदू मेरी बसंती दूर देशों पार की प्रस्तुति दी। इसके बाद भरतवाण और गायिका मंजू सुंदरियाल ने हे मेरी माता मैं पराज लगौलू, मेरू हिमवंत को देश यूं पहाड़ को प्यारू, मोरी रख्यां खोली, हम कुशल छौं मां दगड्यों दगड़ी, सुपातुलाई पीठि, घुटी-घुटी बाडुली लगैगी, बांद अमरावती, मैत्यों की रैबार आयुं छा, गजिमाला, तंबोला घुघूती, तौंसा भौ, बिंदुल, सुंदरा छोरी की शानदार प्रस्तुति दी।