उत्तराखंड की अस्थायी राजधानी देहरादून के नारी निकेतन में एक संवासिनी की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत का मामला सामने आया है। बताया जा रहा है 35 साल की संवासिनी की अचानक तबियत खराब हो गई, लेकिन संवासिनी को दून अस्पताल ले जाते समय उसने रास्ते में ही दम तोड़ दिया।

अस्पताल पहुंचने पर संवासिनी को डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। गौरतलब है नारी निकेतन में अभी यौन शौषण का मामला ठंडा भी नहीं पड़ा था कि एक संवासिनी ने संदिग्ध परिस्थितियों में दम तोड़ दिया। इससे नारी निकेतन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाना लाजिमी है।

लगातार नारी निकेतन के अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर सवाल उठ रहे हैं। वहीं यौन शोषण के मामले में सरकार ने सख्त तेवर अख्तियार करते हुए आरोपियों के गिरफ्तारी के आदेश दिए हैं, जिसमें अभी तक निलंबित अधीक्षिका मीनाक्षी पोखरियाल के साथ सात अन्य आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है।

दूसरा एक और मामला नारी निकेतन का सामने आया है, जिसमें रेखा नाम की संवासिनी की तबियत खराब चल रही है। रेखा को देहरादून के दून अस्पताल में भर्ती कराया गया है। फिलहाल डॉक्टरों ने मरीज की स्थिति को देखते हुए आईसीयू में भर्ती कर इलाज शुरू कर दिया है।

वहीं प्रभारी सीएमएस डॉ डीएस रावत का कहना है कि नारी निकेतन की जो महिला दून अस्पताल में आ रही हैं, उनमें ज्यादातर महिलाओं में खून की कमी बताई जा रही है। अधिकारियों की मनमानी के चलते नारी निकेतन में रहने वाली संवासिनी की स्थितियां काफी नाजुक है। वहीं पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है।