भारतीय मूल की एक अमेरिकी महिला प्रोफेसर और उनकी टीम ने एक नया हाइड्रोजेल सुपर कंडोम विकसित किया है। ये कंडोम एचआईवी के घातक वायरसों के फैलाव को रोकने में बेहद कारगर साबित हो सकता है।

इस कंडोम की खास बात यह है कि सेक्स के दौरान इसके फटने पर भी वायरस का संक्रमण नहीं होगा। साथ ही यह सेक्स क्रिया को ज्यादा आनंददायक भी बनाता है।

टेक्सास के ए एंड एम यूनिवर्सिटी की प्रोफेसर महुआ चौधरी और उनकी टीम ने इस नॉन-लैटेक्स कंडोम का विकास किया है। इस कंडोम को इलास्टिक पोलिमर से बनाया गया है, जिसे हाइड्रोजेल कहा जाता है।

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इसमें पौधों से लिए गए एंटीऑक्सिडेंट को शामिल किया गया है। इस एंटीऑक्सिडेट में एचआईवी से लड़ने का विशेष गुण होता है, जो कंडोम फट जाने पर भी एचआईवी वायरस को मार देता है।

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महुआ का कहना है कि उन्होंने न केवल कंडोम के लिए एक शानदार पदार्थ बनाया है, बल्कि इससे एचआईवी संक्रमण भी रुकेगा। यह एचआईवी संक्रमण के रोकथाम की दिशा में क्रांति साबित हो सकता है।