मायावती की बहुजन समाज पार्टी (बसपा) उत्तराखंड और उत्तर प्रदेश के आगामी विधानसभा चुनावों में किसी भी पार्टी के साथ गठबंधन नहीं करेगी। बसपा के राष्ट्रीय महासचिव और उत्तराखंड प्रदेश प्रभारी नसीमुद्दीन सिद्दीकी ने ये बात कही। गुरुवार को हरिद्वार के बहादराबाद में हजारों की संख्या में बसपा कार्यकर्ताओं ने केन्द्र और राज्य सरकार की नीतियों के खिलाफ धरना दिया और इसी बहाने आगामी पंचायत चुनाव से पहले शक्ति प्रदर्शन भी किया।

कार्यक्रम में उमडी बसपाईयों की भीड से पार्टी नेताओं के चेहरे खिले हैं। इस मौके पर पार्टी के प्रदेश प्रभारी ने साफ किया कि उत्तराखंड सरकार से उनकी पार्टी की कोई लेना देना नहीं है और आने वाला समय बसपा का है।

हरिद्वार के बहादराबाद में बहुजन समाजवादी पार्टी द्वारा आयोजित एक दिवसीय केंद्र व राज्य सरकार के खिलाफ धरना प्रदर्शन में प्रदेश प्रभारी नसीमुद्दीन सिद्दिकी ने भी शिरकत की। हरिद्वार में होने वाले पंचायत चुनाव से पहले बसपा कार्यकर्ताओ ने पूरे जोश के साथ धरना स्थल पर पहुचकर बसपा की ताकत से विपक्षियो को अवगत करा दिया।

प्रदेश प्रभारी नसीमुद्दीन सिद्दिकी ने पत्रकारो से बात करते हुए कहा की उत्तराखंड में किसी भी पार्टी में इतनी हिम्मत नहीं जो इतनी बड़ी संख्या में कोई धरना प्रदर्शन कर सके। बसपा अकेली ऐसी पार्टी है जिसका कार्यकर्त्ता पार्टी का समर्पित कार्यकर्त्ता है, जिसका उदाहरण पार्टी के मौजूद समर्पित कार्यकर्ताओं की मौजुदगी बता रही है।

इसके अलावा प्रदेश प्रभारी ने उत्तराखंड व उत्तर प्रदेश में किसी अन्य राजनितिक दल के साथ समर्थन कर आगामी 2017 के विधानसभा चुनाव की अटकलों पर विराम देते हुए कहा की बसपा उत्तराखंड और उत्तर प्रदेश में अपने बूते विधानसभा चुनाव लड़ेगी। बसपा का किसी दूसरी पार्टी से गठबंधन कर चुनाव लड़ने का सवाल ही नहीं उठता। धरना स्थल पर बसपा कार्यकर्ताओं की हजारों की संख्या देख बसपा के सभी वरिष्ठ नेता गदगद नजर आए।