सेना के लेफ्टिनेंट कर्नल पंकज शर्मा का बुधवार को देहरादून के नालापानी शमशान घाट पर पूरे सैन्य सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया गया। पोखरण में चल रहे युद्ध अभ्यास में हृदय गति रुकने से आर्डिनेंस कोर के लेफ्टिनेंट कर्नल पंकज का निधन हुआ था। कर्नल के 12 वर्षीय बेटे ध्रुव ने उन्हें मुखाग्नि दी।

राजस्थान के जोधपुर जिले की पोखरण फायरिंग रेंज में चल रहे युद्धाभ्यास में 39 वर्षीय लेफ्टिनेंट कर्नल पंकज भी शामिल थे। सेना के मुताबिक युद्ध अभ्यास में शामिल ले. कर्नल पंकज गोला बारुद के विशेषज्ञ थे। सोमवार को दोपहर बाद अभ्यास स्थल पर उन्हें दिल का दौरा पड़ा, जिसके बाद उन्हें पोखरण के अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां डॉक्टरों ने पंकज को मृत घोषित कर दिया।

शव को एयर इंडिया की फ्लाइट से मंगलवार को देहरादून भेज दिया गया था। लेफ्टिनेंट कर्नल की पत्नी आवंतिका और बेटा ध्रुव डिफेंस कॉलोनी में रहते है, जबकि उनका पैतृक आवास आर्य नगर में है। पंकज की आकस्मिक मौत से पूरा परिवार में शोक में डूब गया।

दोपहर 12.15 बजे पूरे सैन्य सम्मान के साथ कर्नल पंकज का शव नालापानी शमशान घाट लाया गया। सैन्य अधिकारियों ने अंतिम संस्कार से पहले तिरंगे में लिपटे कर्नल के शव पर पुष्पचक्र अर्पित कर श्रद्धांजली अर्पित की। इस मौके पर बड़ी संख्या में शर्मा परिवार को रिश्तेदार और स्थानीय लोग भी मौजूद रहे।