लंदन।… असहिष्णुता के मुद्दे पर देश में आलोचनाओं का सामना कर रहे प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने शुक्रवार को कहा कि भारत विविधताओं से भरा देश है और विविधता हमारी आन, बान, शान है जो हमारी ताकत और गौरव है, साथ ही उन्होंने शांतिपूर्ण सहअस्तित्व के महत्व को भी रेखांकित किया।

वेम्बले स्टेडियम में ब्रिटेन के प्रधानमंत्री डेविड कैमरन, गुजरात के मुस्लिम समुदाय सहित सभी समुदायों के करीब 50 हजार की संख्या में भारतीय मूल के लोगों को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने कहा, ‘भारत में बड़े पैमाने पर विविधिता उसकी आन, बान, शान और शक्ति है।’

आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि भारत की धरती पर रहीम और कबीर की बातें हम सबको प्रेरणा देती हैं। सूफी परंपरा अगर बलवान हुई होती और इस्लाम में ही सूफी परंपरा का प्रभाव बढ़ा होता और जिसने भी सूफी परंपरा को समझा होता तब वह हाथ में बंदूक लेने का विचार नहीं करता। महात्मा गांधी के अहिंसा के संदेश में भी यह प्रेरणा और ताकत है।

विविधओं से भरा देश है हमारा
भारत में विविधता का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि हमारे यहां सौ भाषाएं, 1500 बोलियों और हजारों खानपान की पद्वतियां और सैकड़ों वेशभूषाएं हैं। इतनी सारी विविधताएं हैं, लेकिन यह विविधता हमारी विशेषता भी है और हमारी आन, बान, शान भी है और हमारी शक्ति भी है।

मोदी ने कहा कि यह भारतीय समुदाय ने सिखाया है कि विविधताओं के बीच भी सबसे साथ मिलकर जिया जाता है, अपनी परंपराओं को बचाते हुए, दूसरों को बिना खरोंच पहुंचाते हुए.. कैसे घुलमिलकर रहा जा सकता है, इसी से हिन्दुस्तान की सही पहचान बनती है।

संयुक्त राष्ट्र स्थायी सदस्यता के लिए मिला ब्रिटेन का सहयोग
ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कैमरन ने मोदी की यात्रा को ऐतिहासिक बताते हुए कहा, ‘जब संयुक्त राष्ट्र की बात आती है तब आप जानते हैं क्या होने की जरूरत है.. संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में भारत के स्थायी सदस्य बनने की।’

आतंकवाद के मुद्दे पर ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कैमरन ने कहा कि यह दोनों देशों के अस्तित्व के समक्ष खतरा है और वे इससे निपटने के लिए कंधे से कंधा मिलाकर काम करेंगे। उन्होंने इस संदर्भ में मुम्बई और लंदन आतंकी हमलों की याद दिलाई।

मोदी ने कहा कि भारत दुनिया की मेहरबानी नहीं चाहता है, बल्कि वह बराबरी चाहता है और पिछले 18 महीनों में यह शुभ संकेत सामने आने लगा है कि आज भारत से जो भी बात करता है वह बराबरी से बात करता है।

नहीं चाहिए दुनिया की मेहरबानी
प्रधानमंत्री ने वेम्बले स्टेडियम में ब्रिटेन के प्रधानमंत्री डेविड कैमरन और विशाल संख्या में भारतीय समुदाय के लोगों की उपस्थिति में कहा, ‘दुनिया को भारत ने अपनी ताकत का ऐहसास करा दिया है। भारत दुनिया से महरबानी नहीं चाहता। भारत दुनिया से बराबरी चाहता है।’

उन्होंने कहा कि पिछले 18 महीने के अपने अनुभवों से मैं कह सकता हूं कि आज जो भी भारत से बात करता है, बराबरी से बात करता है। उल्लेखनीय है कि 18 महीने पहले मोदी के नेतृत्व में भारत में एनडीए सरकार सत्ता में आई थी।

मोदी ने कहा, ‘आज दुनिया का हर देश भारत से जुड़ना चाहता है लेकिन अब वह ‘विन-विन’ के फॉमूर्ले के साथ जुड़ना चाहता है। आगे बढ़ना चाहता है तो कदम से कदम मिलाकर बढ़ना चाहता है। और मैं इसे आने वाले भविष्य के शुभ संकेत के रूप में देख रहा हूं।’ उन्होंने कहा कि भारत ने जो गति और दिशा पकड़ी है, भारत और दुनिया के लोग बहुत जल्दी उसके फल को भी देखना शुरू कर देंगे।

उन्होंने कहा कि 12 साल पहले वह गुजरात के मुख्यमंत्री के रूप में यहां आए थे और आज प्रधानमंत्री के रूप में नई जिम्मेदारी के साथ आए हैं। मोदी ने कहा कि देशवासियों ने जो नई जिम्मेदारी सौंपी है, उसे पूरा करने के लिए मैं भरपूर कोशिश कर रहा हूं और मैं देशवासियों को यह विश्वास दिलाता हूं कि जो सपने आपने देखे हैं, हर हिन्दुस्तानी ने देखें हैं, उसे पूरा करने का सामर्थ्य भारत में है।

गरीबी को पाल कर रखना ठीक नहीं
भारत में गरीबी के बारे में उन्होंने कहा, ‘पिछले 18 महीने के अपने अनुभवों से मैं कह सकता हूं कि भारत को अब गरीबी में रहने का कोई कारण नहीं है। हमने बिना कारण गरीबी को पाल रखा है। आदतन हमें गरीबी को पुचकारने में मजा आने लग गया है।’

उन्होंने कहा कि लेकिन सवा सौ करोड़ आबादी वाले जिस देश में 80 करोड़ लोग 35 साल से कम उम्र के हों, यानी जो देश जवानी से लबालब भरा हो, वह देश अब पीछे नहीं रह सकता है, वह विकास की इस यात्रा में रुक नहीं सकता।

सिख समुदाय के साथ अपनी मुलाकात के संदर्भ में मोदी ने कहा, ‘हमने विभिन्न विषयों पर अपनी बातें साझा कीं। और हम एक-दूसरे के दुख को समझते हैं और आने वाले समय में इन्हें दूर किया जाएगा, इसे आप देखेंगे।’ मोदी ने स्वच्छ भारत अभियान, स्कूलों में लड़कियों के लिए अलग शौचालय बनाने की पहल के अलावा अगले 1000 दिनों में देश के 18 हजार गांव में बिजली पहुंचाने की प्रतिबद्धता का जिक्र भी किया।

अहमदाबाद-लंदन सीधी उड़ान
प्रधानमंत्री ने कहा, ‘भारत के प्रगति की रफ्तार और दिशा इतनी तेज है कि विकास का फल जल्द ही दिखेगा।’ उन्होंने कहा, ‘दुनिया भारत को अवसरों से भरपूर धरती के रूप में देखती है।’ उन्होंने इस संदर्भ में भारत में कारोबार करने की सहुलियत के कदमों का जिक्र किया।’

प्रधानमंत्री ने 15 दिसंबर से अहमदाबाद और लंदन के बीच सीधी उड़ान सेवा शुरू करने का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि यह कनेक्टिविटी 2003 में वाजपेयी के सरकार के समय स्थापित की गई थी, लेकिन बाद में इसे बंद कर दिया गया। मोदी ने राजस्थान के अलवर जिले के इमरान खान नामक युवक का जिक्र किया, जिन्होंने मोबाइन पर 50 ऐप विकसित किए हैं।