सांकेतिक तस्वीर

बागेश्वर जिला मुख्यालय के पास ही एक गांव में रिश्ते के भाई ने तीन साल की मासूम की रेप के बाद गला घोंटकर हत्या की थी। 17 साल के इस किशोर ने भेद खुल जाने के डर से मासूम को रेप के बाद मौत के घाट उतार दिया और उसका शव पत्थरों के नीचे दबा दिया, ताकि किसी को कुछ पता न चले। आरोपी किशोर को बाल संरक्षण गृह भेज दिया गया है।

पत्रकार वार्ता में पुलिस अधीक्षक नारायण सिंह नपलच्याल ने बताया कि 27 अक्टूबर की शाम लगभग चार बजे बच्ची की मां खेतों में चली गई और बालिका खेलती हुई रिश्ते के भाई के पास चली गई। वहां आधे घंटे तक दोनों खेलते रहे। इसके बाद किशोर उसे गांव से ऊपर निर्जन स्थान पर ले गया और उसने बच्ची के साथ रेप किया, जिसकी पोस्टमार्टम रिपोर्ट में पुष्टि हो गई है।

भेद खुल जाने के डर से किशोर ने पहले हाथ से ही बच्ची का गला घोंटा जब वह उसे मारने में सफल नहीं हुआ तो उसने बच्ची की सलवार से उसका गला घोंट दिया और शव को वहां पत्थरों से दबा दिया। एसपी ने बताया कि जब तेंदुए के हमले की आशंका कमजोर हुई तो पुलिस इस मामले में किसी करीबी का ही हाथ होने की संभावना पर काम करने लगी। बच्ची के साथ आखिरी समय में रिश्ते का भाई ही था।

इसी आधार पर पुलिस ने जांच शुरू की। किशोर को उसके घर से संरक्षण में लिया गया तो उसने पूरी कहानी बता दी। इसके बाद पुलिस ने स्थानीय जनप्रतिनिधियों की मौजूदगी में किशोर को साथ लेकर पूरे घटनास्थल का निरीक्षण और उसकी निशानदेही पर कई सुबूत इकट्ठा किए।

एसपी ने बताया कि किशोर के खिलाफ धारा 363, 302, 201, 376, 377 और 3/4 पॉक्सो अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर लिया है। आरोपी को पुलिस संरक्षण के बाद मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट की अदालत में पेश किया। यहां से उसे बाल संरक्षण गृह भेज दिया गया है।