आईआईटी रुड़की ने उत्तर भारत में भूकंप आने के कुछ सेकंड के अंदर लोगों को सतर्क करने के लिए केंद्र द्वारा शुरू की गई एक परियोजना के तहत उत्तराखंड में उत्तरकाशी से चमोली तक लगाए जाने वाले कुल 100 सेंसरों में से 89 सेंसर लगा दिए हैं।

आईआईटी रुड़की के प्रोफेसर और परियोजना के प्रमुख निरीक्षक अशोक कुमार ने बुधवार को कहा कि संस्थान ने पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय की उत्तर भारत के लिए ‘भूकंप की जल्द चेतावनी प्रणाली’ वाली परियोजना के तहत सेंसर लगाए हैं।

उन्होंने कहा कि परियोजना के तहत उत्तरकाशी से चमोली के बीच कुल 100 सेंसर लगाए जाने हैं, जिनमें से 89 लगाए जा चुके हैं। आईआईटी रुड़की के भूकंप आभियांत्रिकी विभाग के प्रोफेसर कुमार ने कहा कि आगे परिसर में सेंसर लगाए जाएंगे और 2016 के मध्य तक परियोजना पूरी होने की उम्मीद है।