हरिद्वार।… उत्तराखंड में विपक्षी बीजेपी ने कहा है कि राज्य में 2013 में हुए कथित आपदा राहत घोटाले और स्टिंग सीडी मामले की सीबीआई जांच कराई जानी चाहिए। गौरतलब है कि एक स्टिंग सीडी में मुख्यमंत्री हरीश रावत के पूर्व सचिव शराब लाइसेंस आवंटन के लिए एक बिचौलिए से कथित तौर पर सौदा करते दिखाई देते हैं।

उत्तराखंड में पार्टी मामलों के प्रभारी श्याम जाजू ने शुक्रवार को हरिद्वार में संवाददाताओं को बताया कि बीजेपी नेताओं के एक प्रतिनिधिमंडल ने हाल में केंद्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह से मुलाकात की और दोनों मामलों की सीबीआई जांच कराने का आग्रह किया।

बीजेपी नेता से जब यह पूछा गया कि सीबीआई जांच के लिए केंद्र से संपर्क करने में उन्हें इतना लंबा समय क्यों लगा तो जाजू ने कहा, ‘हम उम्मीद कर रहे थे कि राज्य सरकार इस बारे में कुछ करेगी। बहरहाल, जब उसने हमें निराश किया तो हमने केंद्र का दरवाजा खटखटाया है।’

बीजेपी राज्य में 2013 में आई बाढ़ के मद्देनजर उत्तराखंड में राहत वितरण में भारी घोटाले का आरोप लगाती रही है और इसकी उच्चस्तरीय जांच की मांग करती रही है।

कथित घोटाले की उत्तराखंड के पूर्व मुख्य सचिव एन. रविशंकर द्वारा की गई जांच में अधिकारियों को क्लीन चिट दे दी गई और दावा किया गया कि कोई गड़बड़ नहीं हुई। सीडी मामले में हरीश रावत सरकार ने यह कहकर गेंद बीजेपी के पाले में डाल दी है कि वह मूल सीडी और स्टिंग के लिए इस्तेमाल किए गए उपकरण मुहैया कराएं, जिससे उनकी प्रामाणिकता की जांच की जा सके।

उधर, बीजेपी कह रही है कि सरकार दोनों मामलों में सीबीआई जांच से बच रही है क्योंकि दोनों मामलों में यह दोषी है और उसे फंसने का डर है।