यहां मां जगदंबा के यज्ञ में सुरक्षा व्यवस्था देखती है इटली की ब्लैक आर्मी

अल्मोड़ा के हैड़ाखान मंदिर में हर साल अश्विन नवरात्र में लगातार दस दिन चलने वाले महाजगदंबा यज्ञ में सुरक्षा सहित तमाम व्यवस्थाएं ‘ब्लैक आर्मी’ की टीम देखती है।

बाबा द्वारा गठित इस टीम के सदस्य काले कपड़े धारण करते हैं और महायज्ञ के दौरान मुस्तैदी से हर गतिविधि पर पैनी निगाह रखते हैं। इस टीम में ज्यादातर इटेलियन हैं और कई महिलाएं भी टीम से जुड़ी हैं। हालांकि इस बार टीम के कुछ ही सदस्य पहुंचे हैं, लेकिन मजबूत कद के ये भक्त पूरी व्यवस्थाओं पर पैनी निगाह रखे हैं।

1984 में ब्रह्मलीन होने से तीन साल पहले 1981 में देशी-विदेशी भक्तजन बाबा के साथ कलकत्ता के टूर पर गए थे। इस टीम में अधिकांश भक्त इटली से पहुंचे थे। बताया जाता है कि बाबा हैड़ाखान ने उन्हें कोलकाता में मां कालिका मंदिर के दर्शन कराए और काली मां के जीवन से जुड़े इतिहास को रखा।

बाबा के भक्त हैड़ाखान समाज के ट्रस्टी दिल्ली निवासी संजीव सरना बताते हैं कि इटली के युवा भक्त मां काली से काफी प्रभावित हुए, उनका उत्साह देखकर बाबा हैड़ाखान ने उन्हें काले वस्त्र धारण कराए और उन्हें हैड़ाखान समाज का ब्लैक आर्मी बना दिया।

बाबा ने इन सदस्यों को निष्काम भावना से कार्य करने की दीक्षा भी दी। काले कपड़े धारण किए यह आर्मी तमाम सुरक्षा व्यवस्था की निगरानी करती है।

ब्लैक आर्मी टीम की कमान काली शनि नामक इटेलियन के हाथ में है। उसी के निर्देशन में टीम के सभी सदस्य काम करते हैं। चैत्र नवरात्र पर काठगोदाम स्थित बाबा हैड़ाखान मंदिर में होने वाले धार्मिक आयोजन में भी ब्लैक आर्मी के सदस्य ही पूरी व्यवस्था देखते हैं।