देहरादून।… प्रांतीय सिविल सेवा (पीसीएस) परीक्षाओं में उत्तराखंड के युवाओं का चयन कम होने पर चिंता व्यक्त करते हुए प्रदेश कांग्रेस महासचिव आनन्द रावत ने मंगलवार को मुख्यमंत्री हरीश रावत से अन्य हिंदी भाषी राज्यों की तरह सी-सैट प्रश्नपत्र समाप्त करने तथा राज्य से जुडे सवालों का प्रतिशत बढाने का आग्रह किया।

मुख्यमंत्री रावत को लिखे एक पत्र में, आनन्द ने पीसीएस सेवा को राज्य की सबसे महत्वपूर्ण नौकरी बताते हुए कहा कि उत्तराखंड के प्रतिभावान और मेधावी युवाओं का कम चयन होना राज्य के लिये चिंता का सबब है।

यहां एक संवाददाता सम्मेलन में इस पत्र की प्रति जारी करते हुए आनन्द ने कहा कि उत्तराखंड लोक सेवा आयोग द्वारा आयोजित की जाने वाली पीसीएस की प्रारंभिक परीक्षा में आने वाला सी सैट प्रश्नपत्र पूर्णत: अंग्रेजी पर आधारित होता है जिसे हल करने में राज्य के ग्रामीण परिवेश के प्रतिभावान युवाओं को मुश्किल होती है।

उन्होंने कहा कि कई राज्यों विशेषकर हिंदी भाषी प्रदेशों ने अपने यहां सी सैट प्रश्नपत्र को समाप्त कर दिया है और उसी तर्ज पर उत्तराखंड में भी इसे समाप्त कर दिया जाना चाहिए। इस संबंध में उन्होंने झारखंड का भी जिक्र किया जिसने गत चार सितंबर को अपने राज्य में सी सैट की अनिवार्यता समाप्त कर दी है।

मुख्यमंत्री रावत के पुत्र आनन्द ने सामान्य ज्ञान प्रश्नपत्र में उत्तराखंड पर आधारित प्रश्नों का प्रतिशत भी वर्तमान 12 से बढ़ाकर 40 करने तथा मुख्य परीक्षा के सामान्य अभिरूचि एवं आचार शास्त्र में गणित के सवालों का अनुपात वर्तमान 60 से घटाकर 40 फीसदी करने का भी अनुरोध किया है।