उत्तराखंड सरकार राज्य में पर्यटन विकास के लिए तेजी से काम किया जा रही है। पर्यटकों को बेहतर सुविधाएं मुहैय्या कराने के लिए पर्यटन विकास परिषद ने भी सरकार की मंशा को अमलीजामा पहनाने के लिए कवायद शुरू कर दी है।

अलग-अलग चरणों में पर्यटन विकास को गति देने के लिए सरकारी एजेंसियां जुट गई हैं। देवभूमि में पर्यटन विकास के लिए तीन चरणों में सरकारी एजेंसियां काम कर रही हैं। पर्यटन विकास परिषद के प्लान के मुताबिक सरकारी एजेंसियां राज्य के अलग-अलग पर्यटन स्थलों पर सुविधाएं बढ़ाने के लिए काम कर रही हैं।

पर्यटन विभाग अब इसी कड़ी में पर्यटकों को लुभाने के लिए कई जगहों पर रोप-वे शुरू करने जा रहा है। देहरादून से मसूरी के लिए रोप-वे प्रोजेक्ट शुरू करने की तैयारी की जा रही है, धनौल्टी में सुरकंडा देवी मंदिर जाने के लिए भी श्रद्धालुओं को जल्द ही रोप-वे सेवा मिल सकती है।

बद्रीनाथ, केदारनाथ, यमुनोत्री और हेमकुंड साहिब में भी रोप-वे परियोजनाओं को हरी झंडी मिल गई है। पहाड़ों की सुंदर वादियों के साथ-साथ धार्मिक यात्रा को सुगम बनाने के लिए पर्यटन विभाग तेजी से काम कर रहा है। टिहरी झील के चारों-ओर ठहरने के लिए वुडेन हट्स बनाई जा रही हैं। साथ ही साहसिक गतिविधियों को बढ़ाने के लिए पर्यटन विभाग तेजी से काम कर रहा है।

राज्य की तीन रोप-वे परियोजनाओं को पर्यटन विभाग ने मंजूरी दे दी है। कन्सल्टेंट भी फाइनल कर लिए गए हैं। जून 2013 में आई आपदा के बाद पर्यटन इंडस्ट्री को पटरी पर लाने के लिए पर्यटन विभाग इस साल भी शीतकालीन चारधाम यात्रा शुरू करने जा रहा है।

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शीतकालीन स्थलों पर सभी धामों के दर्शन कराने के लिए पर्यटन विभाग ने प्लान तैयार कर लिया है। देवभूमि का गुलमर्ग कहे जाने वाले औली में भी साहसिक खेल प्रतियोगिता के साथ ही पर्यटन गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए कवायद की जा रही है।

राज्य सरकार पर्यटकों को हर तरह से जरूरी सुविधाएं देने की योजना पर काम कर रही है, जिससे उत्तराखंड में सुखद यात्रा की अनुभूति देशी-विदेशी पर्यटकों को हो सके। पहले से ही राज्य में प्रकृति के सुंदर नजारों की अनगिनत सुंदरता मौजूद हैं। इसे निहारने के लिए देश और दुनिया के लाखों पर्यटक देवभूमि आते हैं। ऐसे में पर्यटकों को बेहतर सुविधाएं देने की दिशा में राज्य सरकार की तमाम एजेंसियां काम कर रही हैं।

पर्यटन उत्तराखंड की अर्थव्यवस्था के लिए रीढ़ की हड़्डी कहा जाता है और सरकार इस इंडस्ट्री को बेहतर बनाने के साथ ही विकास की गति को तेज कर रही है। जाहिर है कि पर्यटकों की संख्या बढ़ने से सरकार और आम लोगों के लिए आय के साधन भी बढ़ेंगे।