चुड़ियाला में कैबिनेट बैठक और बाहर धरना-प्रदर्शन, विपक्ष ने बताया सरकार की ड्रामेबाजी

मुख्यमंत्री हरीश रावत के नेतृत्व में उत्तराखंड सरकार ने गुरुवार को हरिद्वार जिले के चुड़ियाला में कैबिनेट बैठक की। यहां योजनाओं का खाका खींचने की बातें कही गईं, लेकिन मुख्य विपक्षी पार्टी बीजेपी ने इसे कांग्रेस का पिकनिक और ड्रामेबाजी करार दिया।

चुड़ियाला के सीएमडी इंटर कॉलेज के अंदर बैठक चल रही थी, लेकिन वहीं बाहर किसान, बेरोजगार और प्रतिपक्ष के लोग धरना-प्रदर्शन करते रहे। मुख्य गेट के बाहर प्रदर्शनकारियों से जूझते हुए पुलिसकर्मियों की जोर आजमाइश और नोकझोंक दिनभर चलती रही। बीजेपी विधायकों और कार्यकर्ताओं ने कैबिनेट की बैठक को पिकनिक और ड्रामेबाजी बताता और जमकर प्रदर्शन भी किया।

कैबिनेट बैठक के दौरान उत्तराखंड किसान मोर्चा के कार्यकर्ता प्रदर्शन करते हुए आयोजन स्थल पर पहुंच गए। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने तेज्जुपुर मार्ग पर जाम भी लगा दिया। गन्ने का बकाया भुगतान, मुआवजा और धान खरीद केंद्रों की मांग को लेकर कार्यकर्ताओं ने सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और काले झंडे दिखाए।

सुरक्षा घेरा तोड़ने की कोशिश में वहां सुरक्षा में तैनात पुलिसकर्मियों से जोर आजमाइश भी दिनभर चलती रही। बाद में मुख्यमंत्री ने मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष गुलशन रोड, धर्मवीर सिंह, मोहम्मद आजम, महकार सिंह आदि किसान नेताओं को आयोजन स्थल में बुलाया। जिससे हंगामा कुछ हद तक शांत हुआ।

इसके अलावा गुस्साए बेरोजगारों ने राज्य सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और चुड़ियाला में कैबिनेट बैठक को महज एक राजनीतिक स्टंट बताया। बेरोजगारों को काबू में करके दूर ले जाने में पुलिस को भी खासी मशक्कत करनी पड़ी।