उत्तराखंड : एक ही दिन में तीन जगह फटे बादल, भारी नुकसान, लोगों में दहशत

उत्तराखंड के कई गांवों में बादल फटने से तबाही मच गई है। मानसून के इस कहर से मकाोन व कृषि भूमि को भारी नुकसान हुआ है। शनिवार देर रात मूसलाधार बारिश हुई, जिससे रुद्रप्रयाग जिले में जखोली और अगस्त्यमुनि ब्लॉक के अलग-अलग गांवों में बरसाती गदेरों में बादल फटा। इसमें मकानों और कृषि भूमि को भारी नुकसान हुआ।

बादल फटने के कारण हुए भारी नुकसान में यहां की पेयजल लाइनें व सिंचाई नहरें भी ध्वस्त हो गईं। पुलिस और प्रशासन ने प्रभावित इलाकों का निरीक्षण किया और स्थिति का जायजा लेने के बाद प्रभावित परिवारों को तुरंत मदद दी गई है। बादल फटने के बाद गांवों में लोग दहशत में जी रहे हैं।

बादलों की तेज गर्जन और बिजली की चमक के साथ हुई मूसलाधार बारिश से ग्राम पंचायत बर्सू के जयमंडी गांव में भारी नुकसान हुआ। गांव के पास ही बह रहे चारगढ़ गदेरे (बरसाती नाले) के ऊपरी इलाके में बादल फटने से भारी मलबा और पानी बहकर आया और गांव की कई नाली कृषि भूमि बह गई। इससे दो मकानों में मलबा घुस गया।cloudburstसांकेतिक तस्वीर

गांव की लघु सिंचाई नहर, पेयजल लाइन, पैदल रास्ता और गांव को रुद्रप्रयाग से जोड़ने के लिए बनी पैदल पुलिया भी गदेरे के सैलाब में बह गई। स्थानीय लोगों के अनुसार बरसाती नाले के दोनों तरफ जमीन बह गई है, जिससे दो मकानों को खतरा पैदा हो गया है।

ग्राम पंचायत घोलतीर के मवाणा गांव में भी मूसलाधार बारिश में गदेरे में ऊपर तरफ बादल फटने से बरसाती पानी तेजी से आया और यहां एक घर में मलबा घुस गया। मलबे की चपेट में आने से कई नाली जमीन बर्बाद हो गई है।

लोग रात को अपने घरों से बाहर निकल आए और सुरक्षित स्थानों पर शरण ली। यहां कि ग्राम प्रधान रेखा देवी बताती हैं कि ग्रामीण सपना देवी के मकान में मलबा घुस गया। जबकि कई लोगों के खेत तेज बहाव के साथ आए मलबे से पूरी तरह बर्बाद हो गए हैं।

सांकेतिक तस्वीरसांकेतिक तस्वीर

गांव की सिंचाई नहर और पेयजल लाइन को भी गदेरे के उफान से नुकसान हुआ है। खबर मिलने पर रात को ही तहसीलदार एमएल भेतवाल अपनी टीम लेकर मौके पर पहुंचे। तहसीलदार ने बताया कि जयमंडी और मवाणा गांव के प्रभावित परिवारों को तुरंत आर्थिक मदद दी गई है।

सुरक्षा की दृष्टि से प्रभावित परिवारों को किसी अन्य जगह पर शरण दे दी गई है। दूसरी तरफ जखोली ब्लॉक के ग्राम पंचायत चाका गांव के करीब से बह रहे गदेरे में ऊपर जंगली इलाके में बादल फटा, तेजी से आए पानी के कारण दो घरों को नुकसान पहुंचा है, जबकि 10 से ज्यादा मकानों को खतरा पैदा हो गया है।

गांव की पेयजल लाइन भी गदेरे के बहाव में बह गई है, जिससे गांव में पेयजल संकट गहरा गया है। ग्राम प्रधान विक्रम पंवार ने बताया कि गांव में दहशत का माहौल है। पिछले साल भी गांव के पूर्वी क्षेत्र में बादल फटा था। जखोली तहसील के कानून-गो केसी पंत ने बताया कि प्रभावित परिवारों को तुरंत मदद दे दी गई है।