गढ़वाल विश्वविद्यालय में जमकर चले लात-घूंसे, छात्रसंघ चुनाव हैं नजदीक

छात्र राजनीति भी देश की राजनीति का ही एक ट्रेलर है। शायद यही कारण है कि गढ़वाल विवि के बिड़ला परिसर में छात्रसंघ चुनाव से पहले ही माहौल गरमाने लगा है। कैंपस वैटेज व पीजी में सीट बढ़ाने का श्रेय लेने की होड़ में शुक्रवार को परिसर में दो छात्र संगठनों के बीच जमकर लात-घूंसे चले। बता दें कि मामला सोशल नेटवर्किंग साइट फेसबुक पर किसी समर्थक की ओर से पीजी में सीटें बढ़ाने को लेकर किए गए कमेंट पर बिगड़ा।

गढ़वाल विवि में अगले महीने यानी अगस्त में छात्रसंघ चुनाव तय हैं। चुनाव के लिए सभी छात्र संगठन इन दिनों सक्रिय दिख रहे हैं। श्रेय लेने की होड़ के चलते अक्सर छात्रों के गुटों में टकराव की स्थिति बन जाती है। शुक्रवार को बिड़ला परिसर में मुख्य गेट के करीब दो छात्र आपस में भिड़ गए। दोनों छात्र अलग-अलग छात्र संगठनों से जुड़े हैं।

दो छात्रों के भिड़ने की खबर मिलने पर अन्य छात्र भी इसमें शामिल हो गए। दोनों गुटों में काफी देर तक जमकर लात घूंसे बरसते रहे। बताया जा रहा है कि मामला फेसबुक पर कमेंट करने से बिगड़ा। मारपीट का मुख्य कारण कैंपस वैटेज व पीजी में सीटें बढ़ाने के श्रेय लेने को बताया जा रहा है। विश्वविद्यालय के मुख्य नियंता प्रो. एचबीएस चौहान ने कहा कि छात्रों में किसी बात को लेकर मामूली विवाद हुआ। हालांकि विश्वविद्यालय प्रशासन ने मारपीट की घटना से साफ इनकार किया है।

आपस में भिड़ने वाले दोनों छात्र गुट एक ही राजनीतिक पार्टी से संबंध रखते हैं। एक गुट बीजेपी के एक बड़े नेता का करीबी माना जाता है। यह मामला अब देहरादून तक पहुंच गया है। दोनों गुटों के भिड़ने से पुलिस भी खासे दबाव में है। मामला ज्यादा न बढ़े इसलिए शुक्रवार को पुलिस छात्र नेताओं के पीछे ही घूमती रही।