गूगल के एंड्रॉएड ऑपरेटिंग सिस्टम का नया वर्जन एंड्रॉएड-एम जल्द ही बाजार में आने वाला है। गूगल एक ऐसा ऑपरेटिंग सिस्टम लाना चाहता है जो बाजार में मौजूद सभी ऑपरेटिंग सिस्टम से अलग हो। गूगल एंड्रॉएड-एम में कई ऐसे फीचर होंगे जो इसे पहले के संस्करण से बेहतर बनाते हैं।

इसके अलावा गूगल का कहना है कि वह बेसिक्स पर खास ध्यान दे रहा है। मतलब बैटरी बैकअप और रैम का बेहतर इस्तेमाल दिख सकता है। यहां जानिए एंड्रॉएड-एम में आपको क्या ख़ास मिल सकता है…

फिंगर प्रिंट रिकगिनशन : Android-m

उंगली के निशान से गूगल आपकी पहचान बता सकता है। इससे सभी कंपनियां अपना अलग सिस्टम लगाने के झंझट से बच सकती हैं।

बैटरी बैकअप होगा डबल : अगर फ़ोन इस्तेमाल नहीं हो रहा है तो बैटरी बचाने के लिए एंड्रॉएड-एम में खास फीचर होगा। कंपनी ने इसे Doze नाम दिया है। एंड्रॉएड के बैटरी को सुधारने की ज़रूरत को गूगल ने समझा है और ये फ़ीचर बनाया है।

Android-M-Developer-Preview

बार-बार परमिशन का झंझट खत्म : एंड्रॉएड-एम के ऐप अब डाउनलोड करते समय परमिशन नहीं मांगेंगे। लेकिन ऐप परमिशन के लिए तब कहेगा जब ऐप उस फ़ीचर का इस्तेमाल करना चाहेगा, जैसे कैमरा या लोकेशन।

ऑनलाइन शॉपिंग होगी और आसान : एंड्रॉएड-एम से आप ऑनलाइन खरीदारी के लिए पैसे दे सकेंगे। अमेरिका में अब लाखों दुकानों पर एंड्रॉएड-पे से पैसे दिए जा सकेंगे। दुनिया भर में ऐसी दुकानों की संख्या निकट भविष्य में काफी बढ़ेगी।